झारखंड विधानसभा में मतदाता सूची पर हंगामा, एसआईआर के खिलाफ प्रस्ताव पारित
रांची: झारखंड विधानसभा में मंगलवार को मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) को लेकर जोरदार हंगामा हुआ। सत्तारूढ़ गठबंधन ने एसआईआर को केंद्र सरकार के हित में उठाया गया कदम बताते हुए इसका विरोध किया और इसके खिलाफ सदन में प्रस्ताव पेश किया। संसदीय कार्य मंत्री राधाकृष्ण किशोर ने मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन से परामर्श के बाद प्रस्ताव सदन के पटल पर रखा, जिसे अध्यक्ष रवींद्र नाथ महतो ने बहुमत के आधार पर पारित घोषित किया।
कांग्रेस विधायक दल के नेता प्रदीप यादव ने अध्यक्ष से प्रस्ताव पर मतदान की मांग की, लेकिन अध्यक्ष ने कहा कि सत्तारूढ़ गठबंधन के पास बहुमत होने के कारण यह स्वतः पारित माना जाएगा। इस दौरान सत्ता पक्ष के विधायक नारेबाजी करते हुए आसन के समीप पहुंच गए और ‘वोट चोर, गद्दी छोड़’ के नारे लगाए। विपक्षी भाजपा विधायक भी आगे आ गए और सूर्या हंसदा ‘मुठभेड़’ मौत मामले की सीबीआई जांच की मांग करने लगे। हंगामे के चलते कार्यवाही पहले दोपहर 12 बजे तक और फिर 2 बजे तक स्थगित करनी पड़ी।
संसदीय कार्य मंत्री किशोर ने आरोप लगाया कि एसआईआर संसदीय लोकतंत्र को कमजोर करने और गरीबों व दलितों को मताधिकार से वंचित करने की कोशिश है। उनका कहना था कि इससे केंद्र की सत्ता को सीधा लाभ मिलेगा। वहीं, कांग्रेस विधायक प्रदीप यादव ने कहा कि भाजपा एसआईआर के जरिये वोट चुराने का प्रयास कर रही है और इसे तुरंत वापस लिया जाना चाहिए।
विपक्ष की ओर से भाजपा नेता और पूर्व मुख्यमंत्री बाबूलाल मरांडी ने आरोप लगाया कि सरकार आदिवासियों की जमीन छीन रही है। उन्होंने रांची के नगरी इलाके में रिम्स-2 अस्पताल परियोजना का हवाला देते हुए कहा कि किसानों की जमीन जबरन अधिग्रहित की गई है। मरांडी ने स्पष्ट किया कि भाजपा की दो प्रमुख मांगें हैं—सूर्या हंसदा मुठभेड़ मामले की सीबीआई जांच और आदिवासी किसानों की जमीन वापसी। उन्होंने आरोप लगाया कि कांग्रेस एसआईआर का मुद्दा उठाकर वास्तविक ज्वलंत मुद्दों से ध्यान भटकाना चाहती है।
सदन में बार-बार अपील करने के बावजूद जब सदस्य शांत नहीं हुए तो अध्यक्ष ने कार्यवाही स्थगित कर दी। इस बीच कांग्रेस व अन्य सत्तारूढ़ दलों के विधायक एसआईआर को ‘षड्यंत्र’ बताते रहे। कृषि मंत्री शिल्पी नेहा तिर्की ने कहा कि बिहार में विधानसभा चुनाव से पहले इस प्रक्रिया को लागू करना चुनावी धांधली की साजिश है।

