झारखंड में आगामी नगर निकाय चुनाव की तैयारी जोर पकड़ रही है। राज्य निर्वाचन आयोग द्वारा जारी आरक्षण सूची के अनुसार, रांची नगर निगम में मेयर पद अनुसूचित जनजाति (एसटी) वर्ग के लिए आरक्षित किया गया है, जबकि धनबाद में यह पद सामान्य वर्ग के उम्मीदवारों के लिए खुला रहेगा।
राज्य में नगर निकाय चुनाव को लेकर पिछले कई महीनों से राजनीतिक हलचल जारी थी, और अब आरक्षण सूची जारी होने के बाद यह गतिविधियां और तेज होने की संभावना है।
रांची और धनबाद का आरक्षण विवरण
- रांची नगर निगम: मेयर पद केवल एसटी वर्ग के उम्मीदवारों के लिए आरक्षित। इसे राज्य में जनजातीय समुदाय को राजनीतिक प्रतिनिधित्व देने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।
- धनबाद नगर निगम: मेयर पद अनारक्षित रखा गया है, जिससे सभी वर्गों के उम्मीदवार चुनाव में भाग ले सकते हैं।
अन्य नगर निगमों और परिषदों में आरक्षण
झारखंड में कुल नौ नगर निगम क्षेत्र हैं। इनमें से:
- मेदिनी नगर और मानगो नगर निगम: मेयर पद महिला वर्ग के लिए आरक्षित।
- कुछ अन्य नगर निगम: मेयर पद अनारक्षित, सभी वर्गों के लिए खुला।
इसके अलावा, राज्य के नगर परिषदों और नगर पंचायतों में अध्यक्ष और उपाध्यक्ष पदों के लिए एससी, एसटी, ओबीसी और महिला वर्ग के लिए आरक्षण निर्धारित किया गया है। यह निर्णय जनसंख्या, रोटेशन नीति और संवैधानिक प्रावधानों के आधार पर लिया गया है।
चुनावी प्रक्रिया को मिलेगा गति
राज्य निर्वाचन आयोग ने यह आरक्षण झारखंड नगरपालिका अधिनियम, 2011 और नगरपालिका निर्वाचन एवं चुनाव याचिका नियमावली, 2012 के तहत जारी किया है। अधिसूचना के गजट में प्रकाशन के साथ ही अब नगर निकाय चुनाव की तारीखों की घोषणा की संभावना है।
विशेषज्ञों का मानना है कि आरक्षण के स्पष्ट होने से चुनावी गतिविधियां तेज होंगी और स्थानीय नेतृत्व उभरकर सामने आएगा।

